जांजगीर-चांपा, 25 जून। नशामुक्त समाज और महिला सशक्तिकरण की दिशा में साहसिक उदाहरण प्रस्तुत करने वाली एक बेटी को जांजगीर-चांपा पुलिस ने सम्मानित कर नई जिम्मेदारी सौंपी है। थाना चांपा क्षेत्र के ग्राम कोसमंदा की युवती ने अपने विवाह समारोह में उस समय बड़ा निर्णय लिया था, जब उसने सिंदूर रस्म के दौरान दूल्हे को शराब के नशे में धुत पाया। आत्मसम्मान और सामाजिक जिम्मेदारी को प्राथमिकता देते हुए युवती ने पूरी बारात को वापस लौटा दिया था। इस साहसिक कदम की क्षेत्रभर में सराहना हुई थी।
युवती के इसी साहस और सामाजिक जागरूकता को देखते हुए जांजगीर-चांपा के पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय में उसे सम्मानित किया। साथ ही पारिवारिक विवादों के समाधान और समाज में सकारात्मक बदलाव की दिशा में योगदान देने के उद्देश्य से उसे परिवार परामर्श केंद्र, जांजगीर में महिला काउंसलर नियुक्त किया गया।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक ने कहा कि युवती का यह कदम न केवल नशे के खिलाफ मजबूत संदेश देता है, बल्कि महिलाओं को अपने अधिकारों, आत्मसम्मान और निर्णय लेने की क्षमता के प्रति जागरूक भी करता है। उन्होंने कहा कि ऐसी बेटियां समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।
कार्यक्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमेश कुमार कश्यप, सीएसपी योगिताबाली खापर्डे, डीएसपी सतरूपा तारम, थाना प्रभारी चांपा अशोक वैष्णव सहित जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
युवती के इस निर्णय को महिला सम्मान, आत्मगौरव और नशामुक्त समाज की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। जांजगीर-चांपा पुलिस द्वारा दिया गया यह सम्मान निश्चित रूप से समाज में जागरूकता और सकारात्मक सोच को बढ़ावा देने का कार्य करेगा।




