जांजगीर-चांपा | बम्हनीडीह
जांजगीर-चांपा जिले के बम्हनीडीह की होनहार बेटी निहारिका सहारे ने शानदार उपलब्धि हासिल कर पूरे क्षेत्र का नाम रोशन कर दिया है। निहारिका ने एक साथ देश के दो प्रतिष्ठित संस्थानों—सैनिक स्कूल (AISSEE 2026) और एकलव्य मॉडल रेजिडेंशियल स्कूल (EMRS 2026)—की प्रवेश परीक्षा में सफलता हासिल कर इतिहास रच दिया है।
👉 क्षेत्र में खुशी की लहर
जैसे ही निहारिका की सफलता की खबर सामने आई, पूरे बम्हनीडीह क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई। ग्रामीण अंचल से निकलकर इतनी बड़ी उपलब्धि हासिल करना हर किसी के लिए गर्व का विषय बन गया है।
👉 संघर्ष और मेहनत की मिसाल
निहारिका, पूर्व ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर स्व. डॉ. एम.एल. सहारे की बेटी हैं। कठिन परिस्थितियों के बावजूद उन्होंने अपने लक्ष्य से कभी समझौता नहीं किया। उनके मजबूत इरादों और कड़ी मेहनत ने उन्हें इस मुकाम तक पहुंचाया।
👉 स्कूल और शिक्षकों का योगदान
नवोदय वाला कंपीटीशन स्कूल, बम्हनीडीह के लिए भी यह दिन बेहद गौरवपूर्ण रहा। स्कूल के शिक्षकों का कहना है कि निहारिका की एकाग्रता, अनुशासन और दिन-रात की मेहनत ने ही उसे इस सफलता तक पहुंचाया है।
👉 परिवार की खुशी
रिजल्ट आते ही निहारिका की मां की आंखों में खुशी के आंसू छलक पड़े। परिवार के लिए यह पल बेहद भावुक और गर्व से भरा रहा।
👉 निहारिका ने क्या कहा
अपनी सफलता पर निहारिका ने सादगी से कहा—
“यह सब मेरे माता-पिता के आशीर्वाद और गुरुजनों के मार्गदर्शन का परिणाम है।”
👉 गांव की प्रतिभा ने फिर किया साबित
अक्सर यह धारणा होती है कि बड़ी सफलता सिर्फ शहरों के बच्चों को मिलती है, लेकिन निहारिका की उपलब्धि ने साबित कर दिया कि गांव की माटी में भी प्रतिभा की कोई कमी नहीं है।
🌈 प्रेरणा बनी निहारिका
बम्हनीडीह की इस बेटी की सफलता अब क्षेत्र के अन्य बच्चों के लिए प्रेरणा बन गई है। पूरा क्षेत्र निहारिका के उज्ज्वल भविष्य की कामना कर रहा है।




